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#संभल
35 poems
चल नहीं पाया
Ajay Prasad · 1 min read · 313 reads
अरमान मेरे दिल में छटपटाते रह गए मगर यारों एक भी निकल नहीं पाया।
Drama
कुछ छूट तो नही रहा !!!
अजय '' बनारसी '' · 1 min read · 338 reads
कहीं कुछ छूट तो नहीं रहा कहीं कुछ भूल तो नहीं रहा।
Abstract
अधूरा इश्क़
Pranav Prakash · 1 min read · 273 reads
जिन्हें लिखा था मैंने बड़े प्यार से पर भेज नहीं पाया।
Romance
प्रकृतिक की सभा
Sampoorna Raj · 2 min read · 152 reads
मिट्टी बोली हे प्रकृति रानी। अब ना चुप रहूंगी।। अब ना सह सकूंगी। इन पागल मानव की मनमानी।।
Abstract
हौसलों की उड़ान
Shital Yadav · 1 min read · 232 reads
ऊँचीनिची डगर पर संभल लहराती हो जैसे सीना तान काँटोंभरे रास्तों पर भी यूँ बाँटती हो जीवन का वरदान
Others
कर के तो देख
Ashok Patel · 1 min read · 398 reads
संभल रहा है तू गिरने से पहले, इरादा उठने का कर के तो देख।
Inspirational
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