Story
Mirror
Home
Stories
Poems
Quotes
Series
Library
Write
English
हिन्दी
বাংলা
ગુજરાતી
मराठी
ଓଡ଼ିଆ
தமிழ்
తెలుగు
ಕನ್ನಡ
മലയാളം
120
Log in
Sign up
#Sleep
6 poems
कलाकारी
Naya Writer · 1 min read · 296 reads
सुकून नहीं मिलता उजाले में बस नींद ही बेमिसाल है ।
Drama
सपने
Jyoti Astunkar · 1 min read · 315 reads
आखिर वो सपने ही तो है, जो हमारी ही पलकों में पलते हैं, और सुबह होते ही निकल जाते हैं
Abstract
निद्रा के शरण
Pratik Prabhakar · 1 min read · 474 reads
रोको सोने से, मुझसे न करो दुःसाहस शायद यह नींद ख़त्म हो, जब हो मरण।।
Abstract
आजकल नींद मुझे इतना रुलाती है
Praveen Gola · 1 min read · 285 reads
तेरे साथ मिलन की जब उम्मीद जगती, खुली पलकों से तब सुबह की किरण दिखती।
Romance
एक खूबसूरत एहसास..
Preshit Gajbhiye · 1 min read · 536 reads
उसके होठों को मैंने अपनी उंगलियों से बंद किया, और वोह नींद में ही मुस्कुराती रही।
Abstract
ऊँघ
Gairo · 1 min read · 231 reads
एक अजीब सा सपना था वह मगर याद नहीं ज़रा भी ।
Others