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Poem · Others

ख्वाबों की छाँव में

by Mamta Mamta ✓ · 22 Jun 2017

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यहाँ कौन जाने किस्मत में किसकी टूट जाना लिखा है पर छाँव में इनकी सोकर दिल को सुक़ून मिला है रातों में काली..............

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ख्वाबों की छाँव में · StoryMirror