by Ravi Yadav ✓ · 2 Sept 2017
चिट्ठी पढकर दादी की आँखों के कोर गीले हो आये चिट्ठी में लिखा था “भगवान जी मेरी दादी बहुत बुरी हैं, उन्हें कोई पसंद नहीं करता, मैं तो उनसे नफरत करती हूँ वो हमारे घर का बोझ हैं। उन्हें जल्दी उठा लो”
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