120Log inSign up
Story · Fantasy

कमरा भर आकाश

by Namita Sunder ✓ · 2 Sept 2017

1.7KReads
9Likes
20Min read

मौली मौली....अम्मा नीचे आंगन से गला फाड़ फाड़ आवाजे लगा थक गईं, लेकिन मौली तक उनकी आवाज न पहुंचनी थी, न पहुंची। मौली जब ऊपर के कमरे की छत पर होती है तो नीचे की दुनिया  तो उसके लिए जैसे कहीं बिला जाती है। बस वह होती है और उसके चारों ओर दूर दूर तक  आसमान ही आसमान। मौली सर के पीछे हाथ बांध कर पीठ के बल छत पर लेट जाती है और फिर उसके सामने होती है सबसे अलग एक नई सुहानी दुनिया।

Loading comments…

कमरा भर आकाश · StoryMirror