- "विश्वास"पौरूष परिहार · 1 min read · 387 readsहकीकत मुझे तेरी
तुझे मेरी पता है
मगर फिर भी छुपाना
मन्जुर है मुझेRomance
- नयी पीढ़ी के लिएAjay Prasad · 1 min read · 162 readsबुजुर्गों की इज़्ज़त और रिश्तों की हिफाज़त
करना मजबूरी नहीं, बल्कि खुद पे इनायत है।Inspirational
- चाहतेंDr Javaid Tahir · 1 min read · 2.4K readsअब याद है बस वही इबारत जो मिट गयी
जिन पन्नों पे कभी तुमने आँसू गिरायेRomance
- कोई शिकायत नहींSankita Agrawal · 1 min read · 221 readsक्या तुमने ध्यान दिया है
कि मैनें भी तो गुस्सा
करना छोड़ दिया है
या कहूँ, तुम पर अपना हक़
जताना छोड़ दिया हैInspirational
- लड़की जो हूँSandeep Gupta · 1 min read · 298 readsतू भी चला,
मैं भी चली,
पाने मंज़िलें,
राह थी कठिन,
काँटों भरी,
मैं काँटे हटा,
राह बनाती रही,
तू आगे चला,
मैं रुक गयी,
मेरा क्या?Abstract
- मैं तो बस अपना हक मांग रही हूँRekha Joshi · 1 min read · 386 readsअब मत बांधो मुझे
मत करो मजबूर
इतना कि तोड़ दूँ
सब बंधन
मत कहना फिर तुम
विद्रोही हूँ मैOthers
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