by Asha Pandey ✓ · 4 Aug 2018
ये शक्ति है मुझमें किंतु सृष्टि चलती रहे और सभ्यताएँ फैलती रहें इसलिए मैं स्वयं ही डूबती हूँ और डूबती ही जा रही हूँ...
Loading comments…
Loading comments…